देश की प्रसिद्ध धार्मिक यात्राओं में शुमार मणिमहेश यात्रा में इस मर्तबा हेलि टेक्सी सेवा का टेंडर तीन वर्षों के लिए होगा। साथ ही मणिमहेश मंदिर न्यास की वेबसाइट के जरिए सौ फीसदी ऑनलाइन टिकट बुक करने का फैसला लिया गया है। इसके अलावा न्यास की बैठक में सरकारी भूमि पर लंगर लगाने वाली समितियों से जगह के हिसाब से फीस तय करने का निर्णय हुआ है। गुरुवार को भरमौर में मणिमहेश मंदिर न्यास की यात्रा की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में अहम फैसले लिए गए। बैठक मणिमहेश मंदिर न्यास के अध्यक्ष एवं एडीएम भरमौर कुलवीर सिंह राणा की अध्यक्षता में हुई है। भरमौर से गौरीकुंड तक के हेलि टैक्सी किराया भी इस मर्तबा कम हो सकता है।
हेलि टेक्सी सेवा की टिकटों की मात्र ऑनलाइन बुकिंग करने पर सहमति बनी है। कुलवीर सिंह राणा ने बताया कि बैठक में सरकारी भूमि पर लगने वाले लंगर लगाने वाली समितियों से उपयोग में लाई जाने वाली जमीन के हिसाब से फीस ली जाएगी। प्राइवेट भवन या भूमि पर लंगर लगाने वाली समितियों से भी न्यास कम फीस लेगा।
श्रद्धालुओं का ऑनलाइन पंजीकरण
उत्तर भारत की प्रसिद्ध मणिमहेश यात्रा में श्रद्धालुओं के लिए इस साल से ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य होगा। इस मर्तबा हड़सर से डल झील तक की राह को रोशन करने के लिए 200 स्ट्रीट लाइट्स में ग्रिड के जरिए बिजली की आपूर्ति की जाएगी। भरमाणी मंदिर तक के पैदल मार्ग पर 50 सोलर लाइट स्थापित होंगी। मणिमहेश मंदिर न्यास की गुरुवार को हुई अहम बैठक में यह फैसला लिया गया है।
